अभ्रक भस्म से 3 पारंपरिक घरेलू उपचार

Abhrak Powder (Abhrak Bhasma) in a bowl – traditional Ayurvedic Black Mica preparation

परिचय:
अभ्रक भस्म सदियों से आयुर्वेद की पारंपरिक चिकित्सा पद्धति का हिस्सा रही है। विशेषज्ञों की सलाह के तहत घरों में इसके उपयोग के कुछ पारंपरिक तरीके यहां दिए गए हैं।

शीर्ष लाभ:

  • ताकत और सहनशक्ति को बढ़ावा देता है
  • पाचन क्रिया को बेहतर बनाता है
  • इसका उपयोग परंपरागत रूप से श्वसन सहायता के लिए किया जाता है।
  • कायाकल्प गुणों के लिए जाना जाता है

घरेलू उपचार:

  1. शहद युक्त अभ्रक (ऊर्जा के लिए):
    एक चुटकी अभ्रक भस्म को शहद में मिलाकर आयुर्वेदिक विशेषज्ञ की सलाहानुसार सामान्य शक्ति के लिए सेवन करें।
  2. अभ्रक को दूध के साथ लें (ताकत के लिए):
    अभ्रक पाउडर को घी मिले गर्म दूध में मिलाकर अच्छी तरह घोल लें। परंपरागत रूप से इसे शक्ति बढ़ाने और ताजगी प्रदान करने के लिए सेवन किया जाता है।
  3. अभ्रक (पाचन के लिए) जड़ी-बूटियों के काढ़े के साथ:
    पाचन संतुलन के लिए विशेषज्ञों द्वारा सुझाए गए अनुसार अभ्रक भस्म को त्रिफला के काढ़े के साथ मिलाकर सेवन करें।
  4. तुलसी के काढ़े के साथ अभ्रक (सांस लेने के लिए):
    श्वसन संबंधी स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए तुलसी और अदरक के काढ़े में एक चुटकी मिलाएं (केवल विशेषज्ञ के मार्गदर्शन में)।

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