पीली सरसों के बीजों से बने आयुर्वेदिक घरेलू उपचार

Yellow Mustard, Brassica alba, पीली सरसों, Rajika, Sarshapa, White Mustard, Ayurvedic Spice, Mustard Seeds Raw

परिचय:

पीली सरसों का उपयोग भारतीय घरों में पाक कला और स्वास्थ्य दोनों उद्देश्यों के लिए किया जाता रहा है। स्वादिष्ट मसाले होने के अलावा, सरसों के बीज आयुर्वेद में भी अपने प्राकृतिक गर्म और उत्तेजक प्रभावों के लिए महत्वपूर्ण स्थान रखते हैं।


3-5 महत्वपूर्ण लाभ:

  1. परंपरागत रूप से पाचन संतुलन को बनाए रखने में सहायक माना जाता है
  2. शरीर की आंतरिक गर्मी और स्फूर्ति बनाए रखने में मदद करता है
  3. रक्त संचार और ऊर्जा प्रवाह को बढ़ावा देता है
  4. यह भोजन में भरपूर स्वाद और सुगंध जोड़ता है।
  5. विशेषज्ञ की सलाह के तहत इसे घर पर ही स्वास्थ्यवर्धक मिश्रण बनाने में इस्तेमाल किया जा सकता है।

घरेलू उपचार (विशेषज्ञ के मार्गदर्शन में प्रयोग करें):

  1. सरसों के बीज का काढ़ा:
    • ½ छोटा चम्मच पीली सरसों को 1 कप पानी में उबालें।
    • थोड़ा ठंडा होने दें और गर्माहट के लिए विशेषज्ञ के मार्गदर्शन में पिएं।
  2. सरसों के तेल से मालिश:
    • सरसों के दानों को नारियल तेल या तिल के तेल में भून लें।
    • छानकर मालिश के तेल के रूप में इस्तेमाल करें, इससे गर्माहट और आराम मिलेगा।
  3. सरसों के बीज का पेस्ट:
    • सरसों के दानों को गुलाब जल के साथ पीस लें।
    • परंपरागत रूप से इसे विश्राम के लिए बाहरी रूप से लगाया जाता है (किसी विशेषज्ञ से परामर्श लें)।
  4. सरसों के बीज की चाय:
    • कुछ कुचले हुए बीजों को गर्म पानी में भिगो दें, इससे एक प्राकृतिक पाचक पेय तैयार हो जाएगा।

https://www.everayu.com/products/yellow-mustard-seed

0 टिप्पणी

एक टिप्पणी छोड़ें

कृपया ध्यान दें, प्रकाशित होने से पहले टिप्पणियों को अनुमोदित करने की आवश्यकता है।