बिजाबोल (हीराबोल / लोबान पाउडर) से बने घरेलू उपचार

Bijabol Powder (Hirabol / Commiphora myrrha) – 100% pure Ayurvedic resin powder traditionally used for purification, incense, and skin care.

परिचय:
बिजाबोल पाउडर पीढ़ियों से भारतीय घरों और आयुर्वेदिक उपचारों का एक अभिन्न अंग रहा है। यहां इसके कुछ सबसे आम और प्रभावी उपयोग दिए गए हैं।

पारंपरिक उपचार:

  1. मौखिक स्वास्थ्य के लिए
    • बिजाबोल पाउडर के काढ़े से गरारे करें।
    • परंपरागत रूप से मसूड़ों को मजबूत करने और मुंह के छालों को कम करने के लिए इसका उपयोग किया जाता है।
  2. खांसी और जुकाम के लिए
    • बिजाबोल को शहद और अदरक पाउडर के साथ मिलाएं।
    • गले की खराश को दूर करने के लिए इसे थोड़ी मात्रा में लिया जाता है।
  3. घाव भरने के लिए
    • हल्दी में बिजाबोल का पेस्ट मिलाकर लगाएं।
    • आयुर्वेद में इसका उपयोग छोटे-मोटे घावों और चोटों के इलाज में किया जाता है।
  4. जोड़ों के दर्द के लिए
    • बिजाबोल का काढ़ा थोड़ी मात्रा में लिया जाता है।
    • परंपरागत रूप से यह सूजन और अकड़न को कम करने में सहायक माना जाता है।
  5. महिलाओं के स्वास्थ्य के लिए
    • प्रसवोत्तर स्वास्थ्य लाभ के लिए लोक उपचार में इसका उपयोग किया जाता है।

शरीर को शुद्ध करने और मजबूत बनाने में मदद करता है

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